Khet Talab Yojana 2025: उत्तर प्रदेश सरकार ने किसानों की सिंचाई समस्या को कम करने और वर्षा जल का बेहतर उपयोग करने के लिए खेत तालाब योजना शुरू की है। इस योजना के तहत किसानों को अपने खेत में छोटा तालाब बनवाने के लिए आर्थिक सहायता दी जाती है, जिससे बारिश का पानी जमा किया जा सके और जरूरत के समय फसलों की सिंचाई आसानी से हो सके। पानी की कमी से जूझ रहे किसानों के लिए यह योजना काफी मददगार साबित हो रही है।
खेत तालाब योजना 2025 क्या है
खेत तालाब योजना के अंतर्गत राज्य सरकार किसानों को लघु तालाब निर्माण पर सब्सिडी देती है। लगभग ₹1,05,000 की लागत से बनने वाले तालाब पर किसानों को ₹52,500 तक का अनुदान मिलता है। यह राशि सीधे किसान के बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाती है। योजना का लाभ उन्हीं किसानों को दिया जाता है जिनके खेत में सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली स्थापित और चालू अवस्था में है।
योजना का मुख्य उद्देश्य
इस योजना का मुख्य लक्ष्य किसानों को सिंचाई के लिए आत्मनिर्भर बनाना है। खेत में तालाब बनने से किसान बरसात के पानी को सहेज सकते हैं और सूखे समय में उसी पानी का उपयोग कर सकते हैं। इससे न केवल सिंचाई की समस्या दूर होती है, बल्कि फसल उत्पादन में भी सुधार आता है और खेती की लागत कम होती है।
पंप सेट पर भी मिलेगा अनुदान
खेत तालाब योजना के तहत चयनित किसानों को पंप सेट खरीदने पर भी सब्सिडी दी जाती है। पंप सेट की कीमत का लगभग 50 प्रतिशत, अधिकतम ₹15,000 तक का अनुदान राज्य सरकार की ओर से दिया जाता है। इससे तालाब में जमा पानी को खेतों तक पहुंचाना आसान हो जाता है और किसानों को अतिरिक्त खर्च का बोझ नहीं उठाना पड़ता।
खेत तालाब योजना के लिए पात्रता
इस योजना का लाभ लेने के लिए किसान का उत्तर प्रदेश का निवासी होना जरूरी है। किसान के खेत में कम से कम सात वर्ष पहले कृषि विभाग के माध्यम से सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली स्थापित होनी चाहिए और वह वर्तमान में चालू स्थिति में हो। केवल वही किसान योजना के पात्र माने जाएंगे जो इन शर्तों को पूरा करते हैं।
खेत तालाब योजना के लिए आवेदन कैसे करें
खेत तालाब योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन रखी गई है। किसानों को सबसे पहले कृषि विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर पंजीकरण करना होगा। पंजीकरण के दौरान खेत तालाब के लिए निर्धारित ₹1000 की टोकन राशि जमा करनी होती है। इसके बाद संबंधित खेत की खसरा और खतौनी सहित जरूरी दस्तावेज अपलोड करने होते हैं। सभी जानकारी सही भरने के बाद आवेदन सबमिट कर दिया जाता है। गलत जानकारी देने पर आवेदन रद्द भी हो सकता है, इसलिए विवरण सावधानी से भरना जरूरी है।